बालिका-शक्ति-से-चलती-गाड़ी

Kachchh, Gujarat

Nov 29, 2020

बालिका शक्ति से चलती गाड़ी

भुज की दो लड़कियां, चांदनी परमार और आशा वाघेला, जिन्होंने पेशे के रूप में ऑटोरिक्शा चलाना शुरू किया और अपने जैसी दूसरी लड़कियों के लिए मार्ग प्रशस्त किया, अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की भावना को सलाम करती हैं

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Author

Namita Waikar

नमिता वाईकर एक लेखक, अनुवादक, और पारी की मैनेजिंग एडिटर हैं. उन्होंने साल 2018 में ‘द लॉन्ग मार्च’ नामक उपन्यास भी लिखा है.

Translator

Qamar Siddique

क़मर सिद्दीक़ी, पीपुल्स आर्काइव ऑफ़ रुरल इंडिया के ट्रांसलेशन्स एडिटर, उर्दू, हैं। वह दिल्ली स्थित एक पत्रकार हैं।