सोहराई-का-गीत

Banka, Bihar

Dec 22, 2017

सोहराई के गीत

बिहार की चिरचिरिया बस्ती में रहने वाली संताल महिलाएं कटाई के सीज़न में होने वाले उत्सव के दौरान अपनी जीवनशैली के बारे में गीत गाती हैं, वहीं पुरुष वाद्ययंत्र बजाते हैं, और इस मौक़े पर महुआ के साथ-साथ भोज होता है

Want to republish this article? Please write to zahra@ruralindiaonline.org with a cc to namita@ruralindiaonline.org

Author

Shreya Katyayini

श्रेया कात्यायिनी एक फ़िल्ममेकर हैं और पीपल्स आर्काइव ऑफ़ रूरल इंडिया के लिए बतौर सीनियर वीडियो एडिटर काम करती हैं. इसके अलावा, वह पारी के लिए इलस्ट्रेशन भी करती हैं.

Translator

Qamar Siddique

क़मर सिद्दीक़ी, पीपुल्स आर्काइव ऑफ़ रुरल इंडिया के ट्रांसलेशन्स एडिटर, उर्दू, हैं। वह दिल्ली स्थित एक पत्रकार हैं।