Good enough to vote, not enough for Aadhaar
Puja Awasthi • Lucknow, Uttar Pradesh

मतदान के लिए पर्याप्त, आधार के लिए नहीं

कुष्ठ रोग के कारण पार्वती देवी की अंगुलियां क्षतिग्रस्त हो गई हैं। अतः लखनऊ में कचरा चुनने वाली इस कर्मी - और संभवत: इस बीमारी से पीड़ित हजारों अन्य–को आधार कार्ड नहीं मिल सकता, और इसके बिना उनको अपनी विकलांगता पेंशन या राशन नहीं मिल सकती है

अप्रैल 29, 2018 |  पूजा अवस्थी

Fake ration cards or faulty Aadhaar data?
Rahul M. • Anantapur, Andhra Pradesh

नक़ली राशन कार्ड या दोषपूर्ण आधार डेटा?

बेमेल नंबर, ग़लत तस्वीरें, गायब नाम, फिंगरप्रिंट की त्रुटियां – आंध्र प्रदेश के अनंतपुर जिले में इस प्रकार के आधार भरे पड़े हैं। इसका सबसे ज्यादा नुकसान बीपीएल कार्डधारकों को हो रहा है जिन्हें महीनों से राशन से वंचित रखा जा रहा है

मई 22, 2018 | राहुल एम

Aadhaar robs Lakshmi of wealth
Rahul Maganti • Visakhapatnam, Andhra Pradesh

आधार ने लक्ष्मी का धन लूट लिया

कड़ी मेहनत से कमाई गई मज़दूरी तक पहुंचने में असमर्थ, आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम जिले में मनरेगा मज़दूरों को पता लगने लगा है कि धन की देवी का नाम रखने पर भी आप आधार की विभिन्न गड़बड़ियों से बच नहीं सकते

जून 18, 2018 | राहुल मागंती 

'Aadhaar took away whatever we were getting'
Arpita Chakrabarty • Champawat, Uttarakhand

‘मुझे जो कुछ भी मिलता था, वह सब आधार ले गया’

उत्तराखंड के पहाड़ी इलाक़ों में आधार केंद्रों तक जाने में लगने वाला भारी किराया, नामों का गलत उच्चारण तथा अन्य गड़बड़ियों के कारण, चंपावत जिले की कई विधवाओं, विकलांगों और बुजुर्गों को महीनों से उनकी पेंशन नहीं मिली है

जून 13, 2018 | अर्पिता चक्रबर्ती

When the man knows you, the machine doesn’t
Vishaka George • Bengaluru Urban, Karnataka

जब आदमी आपको पहचानता है, मशीन नहीं

बेंगलुरु की झुग्गियों में रहने वाले बुजुर्ग, प्रवासी, दिहाड़ी मजदूरी, यहां तक कि बच्चे भी उन लोगों में शामिल हैं जिनकी उंगलियों के निशान मेल न खाने के कारण उन्हें उनका मासिक राशन देने से मना कर दिया जाता है - तथा आधार के खिलाफ उनकी लड़ाई में, जीत हमेशा आधार की ही होती है

फ़रवरी 18, 2018 | विशाका जॉर्ज
Indu and Aadhaar – Act II, Scene 2
Rahul M. • Anantapur, Andhra Pradesh

इंदू और आधार – भाग 2, दृश्य 2

पारी की स्टोरी जिसमें बताया गया था कि आधार की गलतियों के कारण अनंतापुर, आंध्र प्रदेश में स्कूल के छोटे दलित तथा मुस्लिम बच्चों को किन परेशानियों का सामना करना पड़ा, अब इसका सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहा है

फ़रवरी 14, 2018 | राहुल एम

What’s in a name? The agonies of Aadhaar
Rahul M. • Anantapur, Andhra Pradesh

आधार ने जब बिगाड़ दिया नाम

“मेरा नाम इंदु है, पर मेरे पहले आधार कार्ड में यह ‘हिंदू’ बन गया। इसलिए मैंने नए कार्ड [नाम को सही करने] के लिए आवेदन किया, लेकिन उन्होंने इसे दोबारा ‘हिंदू’ बना दिया।” इस वजह से, अमदागुर के सरकारी प्राइमरी स्कूल की पांचवीं कक्षा की 10 वर्षीय दलित लड़की, जे इंदु तथा चार अन्य विद्यार्थियों को इस वर्ष उनकी छात्रवृत्ति नहीं मिल पायेगी

फ़र्वरी 14, 2018 | राहुल एम

आधार (वित्तीय और अन्य सब्सिडी, लाभ तथा सेवाओं का लक्षित वितरण) अधिनियम, 2016

आधार अधिनियम का उद्देश्य भारत के निवासियों को अनोखी पहचान संख्या सौंपकर उन्हें सब्सिडी, लाभ और सेवाओं की “प्रभावी और पारदर्शी” डिलीवरी प्रदान करना है। इस अधिनियम के तहत स्थापित भारत का विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई), आधार संख्या के लिए लोगों के नामांकन या साइन अप करने, उनकी पहचान की जानकारी सत्यापित करने, आधार संख्या जारी करने, और व्यक्तियों द्वारा सार्वजनिक या निजी संस्थाओं को प्रदान की गई जानकारी को प्रमाणित करने के लिए जिम्मेदार है।

मार्च 26, 2016 | क़ानून और न्याय मंत्रालय, भारत सरकार

हिंदी अनुवादः डॉ. मोहम्मद क़मर तबरेज़

डॉ. मोहम्मद क़मर तबरेज़ दिल्ली में स्थित पत्रकार हैं, जो राष्ट्रीय सहारा, चौथी दुनिया और अवधनामा जैसे अख़बारों से जुड़े रहे हैं और इस समय उर्दू दैनिक रोज़नामा मेरा वतन के न्यूज़ एडीटर हैं। उन्होंने समाचार एजेंसी एएनआई के साथ भी काम किया है। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय से इतिहास में स्नातक और जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय से पीएचडी की डिग्री प्राप्त करने वाले तबरेज़ अब तक दो किताबें और सैंकड़ों लेख लिखने के अलावा कई पुस्तकों के अंग्रेज़ी से हिंदी और उर्दू में अनुवाद कर चुके हैं। You can contact the translator here: